महारानी विक्टोरिया की जय! (काँग्रेस-कथा १)

“महारानी विक्टोरिया की… जय” २८ दिसंबर १८८५ को मुंबई के गोकुलदास तेजपाल संस्कृत महाविद्यालय का परिसर ब्रिटिश महारानी की जय के नारों से गूंज उठा। इसी नारे के साथ ब्रिटिश भारत में एक नई संस्था का जन्म हुआ, जिसका नाम था – इंडियन नेशनल कांग्रेस (भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस)। ये नारा लगा रहे थे, ब्रिटिश भारत के बॉम्बे और मद्रास राज्यों से आए ७२ भारतीय प्रतिनिधि, जो ब्रिटिश अधिकारी एलन ऑक्टेवियन ह्यूम के निमंत्रण पर वहाँ आए थे। ह्यूम के अलावा उस सभा में दो अन्य ब्रिटिश सदस्य भी थे- विलियम वेडरबर्न और जस्टिस जॉन जार्डिन। ये सभी लोग तत्कालीन ब्रिटिश आगे पढ़ें …